औषधि विभाग की कार्रवाई – 152 मेडिकल स्टोर की हुई जांच
सतना। अगर आप अपने बच्चों को पैरासिटामॉल सिरप पिलाते हैं, तो यह खबर आपके लिए बेहद अहम है। जिले में बीते चार महीने तक बच्चों को अमानक पैरासिटामॉल सिरप और रेनीडीन टैबलेट दी जाती रहीं। अब जांच रिपोर्ट में खुलासा हुआ है कि ये दोनों दवाइयाँ मानक पर खरी नहीं उतरीं।
बच्चों तक पहुंचीं अमानक दवाएँ
जिले के सीएमएचओ कार्यालय के दवा स्टोर और जिला अस्पताल से दी जाने वाली इन दवाइयों का स्टॉक चार महीने तक इस्तेमाल होता रहा। रिपोर्ट आने तक दवाइयों का पूरा स्टॉक खत्म हो चुका था। इसका मतलब है कि अमानक दवाएँ सीधे बीमार बच्चों के पेट तक पहुँच चुकी हैं।
जांच में क्या निकला?
ड्रग इंस्पेक्टर प्रियंका चौबे ने बताया कि –
पैरासिटामॉल सिरप जमने जैसी स्थिति में पाई गई।
रेनीडीन टैबलेट में चिपचिपाहट मिली, जो गुणवत्ता मानक के अनुरूप नहीं थी।
चार महीने बाद आई रिपोर्ट
विडंबना यह रही कि जांच रिपोर्ट आने में चार महीने लग गए। तब तक दवा स्टोर का पूरा स्टॉक समाप्त हो चुका था।
152 मेडिकल स्टोर की जांच
औषधि विभाग ने सरकारी केंद्रों के साथ-साथ अन्य मेडिकल स्टोर पर भी सख्ती दिखाई।
1 अप्रैल से अब तक 152 निरीक्षण किए गए।
इस दौरान 1 मेडिकल स्टोर का लाइसेंस रद्द, 2 लाइसेंस निलंबित, और 102 को नोटिस जारी किए गए।
21 दवाओं के सैंपल जांच के लिए भेजे गए, जिनमें से 3 नमूने अवमानक पाए गए।
नीली गोलियों का काला कारोबार
जांच के दौरान नीली गोलियों के अवैध कारोबार का भी बड़ा खुलासा हुआ है। लगभग 5 हजार से ज्यादा गोली के पत्तों का कोई रिकॉर्ड नहीं मिला।
चिन्हारी योजना से सशक्त हो रही छत्तीसगढ़ की लोक संस्कृति
जल जीवन मिशन से संवरी बुलगा की तस्वीर, जीवंती बाई के घर तक पहुँचा शुद्ध पेयजल
नगरीय निकायों के कायाकल्प और वित्तीय सुदृढ़ीकरण के लिये दो दिवसीय "शहरी सुधार कार्यशाला" का हुआ समापन
संकल्प से समाधान अभियान’ से त्वरित, प्रभावी और पारदर्शी निराकरण हुआ सुनिश्चित : मुख्यमंत्री डॉ. यादव
यूरिया का प्रभावी विकल्प बन रही हरी खाद, जशपुर में 600 हेक्टेयर में प्रदर्शन
फॉरेस्ट ग्राउंड में बना बॉक्स क्रिकेट ग्राउंड युवाओं को खेल के प्रति प्रोत्साहित और अनुशासित कर रहा
माता-पिता के संस्कार और गुरूओं से प्राप्त ज्ञान के प्रति सदैव रहें कृतज्ञ : राज्यपाल पटेल
आदि शंकराचार्य का दर्शन भारतीय संस्कृति, धर्म और आध्यात्मिक एकता का बना आधार : मुख्यमंत्री डॉ. यादव