जनआंदोलन से हिला पीओके, पाकिस्तान के सामने बढ़ा राजनीतिक संकट
इस्लामाबाद: पाकिस्तान के अवैध कब्जे वाले कश्मीर (पीओके) में जारी सियासी घमासान और जनआंदोलन के बीच जम्मू कश्मीर जॉइंट अवामी एक्शन कमेटी (JAAC) ने सख्त रुख अपनाया है। संगठन ने स्थानीय प्रशासन के साथ किसी भी तरह का समझौता होने की सोशल मीडिया पर चल रही अफवाहों को पूरी तरह भ्रामक और बेबुनियाद बताया है। जेएएसी ने साफ किया है कि बातचीत जरूर चल रही है, लेकिन अभी तक कोई लिखित या अंतिम सहमति नहीं बनी है।
23 जुलाई को निर्णायक मोड़ की तैयारी, बंद और रैलियों का आह्वान
समिति ने आंदोलन को कमजोर करने की साजिशों को खारिज करते हुए घोषणा की है कि उनका शांतिपूर्ण प्रदर्शन पूरी ताकत से जारी रहेगा। जेएएसी के वरिष्ठ नेताओं ने नागरिकों से 23 जुलाई को होने वाले प्रदर्शनों के लिए तैयार रहने को कहा है, जिसे आंदोलन का सबसे अहम मोड़ माना जा रहा है। इस दिन पूरे पीओके में विशाल रैलियां, शटडाउन और सिट-इन धरने आयोजित किए जाएंगे। नीलम घाटी के व्यापारियों से दुकानें बंद रखने तथा मीरपुर, मुजफ्फराबाद और पुंछ में बड़े पैमाने पर जनसभाएं करने की अपील की गई है।
गुप्त घोषणा से प्रशासन में हड़कंप, बुनियादी मांगों पर अड़ा संगठन
आंदोलन के नेताओं का कहना है कि 23 जुलाई को एक बेहद महत्वपूर्ण घोषणा की जाएगी, जो इस पूरे प्रदर्शन का भविष्य तय करेगी। हालांकि, इस फैसले को पूरी तरह गुप्त रखा गया है, जिससे प्रशासनिक हलकों में चिंता बढ़ गई है। जेएएसी की मुख्य मांगों में गिरफ्तार स्थानीय नेताओं की बिना शर्त रिहाई, बिजली-पानी जैसी बुनियादी सुविधाओं में सुधार और आर्थिक समस्याओं का स्थायी समाधान शामिल है। संगठन ने स्पष्ट किया है कि मांगों पर ठोस कदम उठाए जाने तक यह जनआंदोलन रुकने वाला नहीं है।
गरीबी ने तोड़ी पाकिस्तान की कमर, आम जनता पर बढ़ा आर्थिक बोझ
सड़क सुरक्षा पर हाईकोर्ट गंभीर, आवारा मवेशियों के मुद्दे पर सरकार से मांगा स्पष्टीकरण
पकौड़े खाने का है मन? बिना तेल वाली ये रेसिपी बना देगी दिन खास
संसद का कामकाज फिर बाधित, विपक्ष के हंगामे के बीच दोनों सदन स्थगित
प्राचीन कब्र की खोज से इतिहास में हलचल, वैज्ञानिकों को मिले अहम सुराग
Nestle India ने मारी बाजी, जून तिमाही में मुनाफा बढ़कर ₹959 करोड़ पहुंचा
मां-बाप की सलामती की दुआ बनी आखिरी प्रार्थना, बेटों ने रात में कर दी निर्मम हत्या
छात्र आंदोलन पर नसीरुद्दीन शाह का फूटा गुस्सा, दिल्ली पुलिस पर लगाए गंभीर आरोप
संसद में हुई पीएम मोदी-पवार-सुले की मुलाकात, राजनीतिक समीकरणों पर नजर