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मध्यप्रदेश के 71वें स्थापना दिवस पर उत्कृष्ट विद्यालय राजगढ़ में गरिमामय समारोह आयोजित*

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मध्यप्रदेश के 71वें स्थापना दिवस पर उत्कृष्ट विद्यालय राजगढ़ में गरिमामय समारोह आयोजित*


 

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*राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्री पंवार ने प्रदेश की विकास यात्रा, जनकल्याणकारी योजनाओं और आत्मनिर्भर मध्यप्रदेश के संकल्प को किया रेखांकित*


*सांसद श्री नागर ने युवाओं से नशे से दूर रहकर कौशल आधारित शिक्षा अपनाने का किया आह्वान*


 *राजगढ़ 01 नवम्बर, 2026* 


    मध्यप्रदेश के 71वें स्थापना दिवस के अवसर पर उत्कृष्ट विद्यालय राजगढ़ में गरिमामय समारोह आयोजित किया गया। कार्यक्रम में प्रदेश सरकार के राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) मछुआ कल्याण एवं मत्स्य विकास विभाग श्री नारायण सिंह पंवार मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। इस अवसर पर सांसद श्री रोडमल नागर, विधायक राजगढ़ श्री अमर सिंह यादव, कलेक्टर डॉ. गिरीश कुमार मिश्रा, पुलिस अधीक्षक श्री अमित तोलानी एवं भाजपा जिला अध्यक्ष श्री ज्ञान सिंह गुर्जर, पूर्व विधायक श्री रघुनंदन शर्मा, पूर्व विधायक श्री प्रताप मंडलोई भी उपस्थित रहे। समारोह में पीएमश्री विद्यालय राजगढ़, सांदीपनि विद्यालय राजगढ़ एवं कन्या शाला की छात्र-छात्राओं ने मध्यप्रदेश स्थापना दिवस की थीम पर आधारित आकर्षक एवं रंगारंग सांस्कृतिक प्रस्तुतियां दीं।


 *विकसित मध्यप्रदेश के संकल्प को साकार करने में सभी की सहभागिता जरूरी* – *राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्री पंवार* 


      कार्यक्रम को संबोधित करते हुए राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्री नारायण सिंह पंवार ने प्रदेशवासियों को मध्यप्रदेश स्थापना दिवस की हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश देश का हृदय प्रदेश है। 01 नवम्बर, 1956 को प्रदेश का गठन हुआ था। यह दिवस हमारी गौरवशाली विरासत, सांस्कृतिक पहचान और विकास यात्रा का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि वर्ष 2003 के बाद प्रदेश में विकास को नई गति मिली। तत्कालीन मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान के नेतृत्व में रखी गई विकास की मजबूत नींव को मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में आगे बढ़ाया जा रहा है। सिंचाई, सड़क, अधोसंरचना, शिक्षा, कृषि, उद्योग, दुग्ध एवं मत्स्य उत्पादन सहित विभिन्न क्षेत्रों में प्रदेश निरंतर प्रगति कर रहा है।


     उन्होंने कहा कि सिंचाई परियोजनाओं एवं नहरों के विस्तार से किसानों के खेतों तक पानी पहुंचाने के प्रयास किए जा रहे हैं। सड़क एवं अधोसंरचना के विकास से गांवों को बेहतर कनेक्टिविटी मिली है। नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति के माध्यम से विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण एवं कौशल आधारित शिक्षा उपलब्ध कराने पर विशेष जोर दिया जा रहा है, जिससे युवा रोजगार और स्वरोजगार के बेहतर अवसर प्राप्त कर सकें। राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्री पंवार ने कहा कि कृषि के क्षेत्र में मध्यप्रदेश ने उल्लेखनीय उपलब्धियां हासिल की हैं। प्रदेश को लगातार सात बार कृषि कर्मण पुरस्कार से सम्मानित किया जाना किसानों की मेहनत और कृषि क्षेत्र में किए जा रहे प्रयासों का प्रमाण है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में निवेश एवं औद्योगिक विकास को भी नई दिशा मिल रही है। उन्होंने कहा कि लाड़ली बहना, लाड़ली लक्ष्मी, संबल, प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि, आयुष्मान भारत, प्रधानमंत्री आवास एवं उज्ज्वला जैसी योजनाओं के माध्यम से समाज के प्रत्येक वर्ग के कल्याण और आर्थिक सशक्तिकरण के लिए कार्य किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि हमारा लक्ष्य विकसित मध्यप्रदेश के माध्यम से विकसित भारत के निर्माण में महत्वपूर्ण योगदान देना है। इसके लिए प्रदेश के प्रत्येक नागरिक की सहभागिता आवश्यक है।


 *आत्मनिर्भर भारत के निर्माण में युवाओं की भूमिका महत्वपूर्ण – सांसद श्री नागर* 


      सांसद श्री रोडमल नागर ने अपने उद्बोधन में कहा कि आत्मनिर्भर भारत का निर्माण हम सभी का सामूहिक संकल्प और दायित्व है। प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में वर्ष 2047 तक भारत को विकसित एवं आत्मनिर्भर राष्ट्र बनाने के लक्ष्य की प्राप्ति के लिए प्रत्येक नागरिक को सक्रिय सहभागिता निभानी होगी।उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश को विकास के प्रत्येक क्षेत्र में अग्रणी बनाने के लिए सभी को मिलकर प्रयास करना चाहिए। उन्होंने युवाओं एवं विद्यार्थियों से नशे से दूर रहने और समाज में नशामुक्ति के प्रति जागरूकता फैलाने का आह्वान किया। साथ ही विद्यार्थियों को रोजगारोन्मुखी एवं कौशल आधारित शिक्षा प्राप्त कर आत्मनिर्भर बनने के लिए प्रेरित किया।


 *उत्कृष्ट कार्य करने वाले अधिकारी-कर्मचारी सम्मानित* 


      समारोह के दौरान विभिन्न विभागों में उत्कृष्ट कार्य करने वाले अधिकारियों एवं कर्मचारियों को मंच से सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि, अधिकारी- कर्मचारी, शिक्षक, विद्यार्थी एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।


 *स्वामित्व योजना में उत्कृष्ट कार्य करने वाले तहसीलदार एवं पटवारी  सम्मानित* 


     मध्यप्रदेश स्थापना दिवस के अवसर पर स्वामित्व योजना के प्रभावी क्रियान्वयन एवं उत्कृष्ट कार्य करने वाले तहसीलदार एवं पटवारियों को सम्मानित किया गया। सम्मानित होने वालों में तहसीलदार जीरापुर श्री सोनू गुप्ता, पटवारी खिलचीपुर श्री सचिन जायसवाल तथा पटवारी राजगढ़ श्री बृजराज परमार, श्री अंकित खरे, श्री अनिल कुमार शर्मा एवं श्री राजेंद्र सुमन शामिल हैं।


 *उत्कृष्ट कार्य करने वाले अधिकारी-कर्मचारी एवं समाजसेवी सम्मानित* 


     मध्यप्रदेश स्थापना दिवस के अवसर पर जिले में विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट कार्य करने वाले अधिकारी-कर्मचारियों एवं समाजसेवियों को सम्मानित किया गया। सम्मानित होने वालों में डॉ. विनोद कुमार यादव (पशु चिकित्सा), श्री चंद्रभान मुवेल (व्याख्याता, इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग, पॉलिटेक्निक कॉलेज) एवं श्री मुकेश द्विवेदी (अतिथि व्याख्याता) शामिल हैं। इन सभी ने सीएम हेल्पलाइन, कामधेनु योजना तथा शैक्षणिक एवं गैर-शैक्षणिक कार्यों में महत्वपूर्ण योगदान दिया है।इसी क्रम में युवा विकास संगठन फुदीया को सामाजिक सहभागिता एवं जनसहयोग से गांव के विद्यालय की अधोसंरचना में सुधार के लिए सम्मानित किया गया। श्री ओमप्रकाश जायसवाल (माध्यमिक शिक्षक) को विद्यालय में 1,000 पौधे लगाने तथा बाल विवाह उन्मूलन के क्षेत्र में सराहनीय प्रयासों के लिए सम्मान मिला।


     सिंचाई परियोजनाओं के क्षेत्र में उल्लेखनीय कार्य के लिए श्री कपिल सिसोदिया, एएम/एसडीओ कुंडलिया परियोजना तथा श्री आर.पी. सैनी, एएम/एसडीओ मोहनपुरा-कुंडलिया सिंचाई परियोजना को सम्मानित किया गया। वहीं पंचायत एवं ग्रामीण विकास के क्षेत्र में श्री बलराम खटनावलिया (खंड पंचायत अधिकारी), श्री बलबीर अहिरवार (उपयंत्री, जनपद राजगढ़), श्री धर्मराज यादव (सचिव, ग्राम पंचायत कोड़िया), श्री जीतमल दांगी (सचिव, ग्राम पंचायत गुगाहेड़ा), श्री हरिओम सोंधिया (रोजगार सहायक, ग्राम पंचायत गोरखपुर) एवं श्री अनिल पाटीदार (रोजगार सहायक, ग्राम पंचायत खाताखेड़ी) को करारोपण, पंचायत सशक्तिकरण एवं गुणवत्तापूर्ण निर्माण कार्यों में उल्लेखनीय योगदान के लिए सम्मानित किया गया।


 *गोपालकृष्ण ग्राम पुरस्कार प्रतियोगिता में राजगढ़ जिले के पशुपालकों ने किया उत्कृष्ट प्रदर्शन* 


    मध्यप्रदेश स्थापना दिवस के अवसर पर गोपालकृष्ण ग्राम पुरस्कार प्रतियोगिता 2026 के अंतर्गत जिले के विभिन्न विकासखंडों में उत्कृष्ट दुग्ध उत्पादन करने वाले पशुपालकों को सम्मानित किया गया। कार्यालय उपसंचालक पशु चिकित्सा सेवाएं, जिला राजगढ़ द्वारा प्रतियोगिता के परिणाम घोषित किए गए। प्रतियोगिता में राजगढ़, नरसिंहगढ़, ब्यावरा, जीरापुर एवं धाकड़ क्षेत्र के पशुपालकों ने भाग लिया। साहीवाल, मालवी एवं गिर नस्ल की गायों के दुग्ध उत्पादन का मूल्यांकन कर विजेताओं का चयन किया गया। प्रतियोगिता में प्रथम पुरस्कार एक लाख रुपये, द्वितीय पुरस्कार 50 हजार रुपये तथा तृतीय पुरस्कार 25 हजार रुपये निर्धारित किया गया है।


   चाटूखेड़ा ग्राम, विकासखंड राजगढ़ में श्री गोरेलाल ने साहीवाल नस्ल की गाय से 6.240 लीटर औसत दुग्ध उत्पादन के साथ प्रथम स्थान प्राप्त किया। श्री मांगीलाल ने मालवी नस्ल की गाय से 5.779 लीटर औसत दुग्ध उत्पादन कर द्वितीय स्थान प्राप्त किया।


    गनियारी ग्राम, विकासखंड नरसिंहगढ़ में श्री माखनसिंह चंद्रवंशी ने गिर नस्ल की गाय से 10.835 लीटर औसत दुग्ध उत्पादन कर प्रथम स्थान प्राप्त किया। श्री जगदीश राठौर 8.907 लीटर उत्पादन के साथ द्वितीय तथा श्री जुबेर खां 6.563 लीटर उत्पादन के साथ तृतीय स्थान पर रहे।


    सलेहपुर ग्राम, विकासखंड ब्यावरा में श्री सुमेर सिंह ने गिर नस्ल की गाय से 16.145 लीटर औसत दुग्ध उत्पादन कर प्रथम स्थान प्राप्त किया। श्री सूरज सिंह ने साहीवाल नस्ल से 15.094 लीटर उत्पादन कर द्वितीय तथा श्री सुल्तानसिंह ने गिर नस्ल से 13.532 लीटर उत्पादन कर तृतीय स्थान प्राप्त किया।


      काशीपुरा ग्राम, विकासखंड जीरापुर में श्री कुशाल सिंह दांगी ने साहीवाल नस्ल की गाय से 15.521 लीटर औसत दुग्ध उत्पादन कर प्रथम स्थान प्राप्त किया। श्री संजय दांगी ने गिर नस्ल से 10.239 लीटर उत्पादन कर द्वितीय तथा श्री गंगा प्रसाद शर्मा ने मालवी नस्ल से 6.059 लीटर उत्पादन कर तृतीय स्थान प्राप्त किया।


     पटाडिया ग्राम, विकासखंड धाकड़ में श्री भागीरथ नागर ने साहीवाल नस्ल की गाय से 10.517 लीटर औसत दुग्ध उत्पादन कर प्रथम स्थान प्राप्त किया। श्री गोकुलप्रसाद ने 10.389 लीटर उत्पादन के साथ द्वितीय तथा श्री कैलाश नारायण ने गिर नस्ल की गाय से 6.958 लीटर उत्पादन कर तृतीय स्थान प्राप्त किया।